
निजी क्षेत्र के एचडीएफसी बैंक ने शनिवार को कहा कि चालू वित्त वर्ष की दिसंबर तिमाही में उसका एकीकृत शुद्ध लाभ 12.17 प्रतिशत बढ़कर 19,807 करोड़ रुपये हो गया।
मुंबई मुख्यालय वाले इस बैंक ने पिछले साल इसी अवधि में 17,657 करोड़ रुपये और पिछली सितंबर तिमाही में 19,611 करोड़ रुपये का एकीकृत शुद्ध लाभ दर्ज किया था।
एकल आधार पर बैंक का लाभ अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में 11.46 प्रतिशत बढ़कर 18,653.75 करोड़ रुपये हो गया।
शेयर बाजार को दी जानकारी के मुताबिक बैंक की मुख्य शुद्ध ब्याज आय 6.4 प्रतिशत बढ़कर 32,600 करोड़ रुपये रही, जबकि गैर ब्याज आय 13,250 करोड़ रुपये रही।
बैंक ने बताया कि समग्र स्तर पर उसका शुद्ध ब्याज मार्जिन 3.35 प्रतिशत रहा। इसके अतिरिक्त नए श्रम कानूनों को लागू करने के कारण समीक्षाधीन तिमाही के दौरान उसका खर्च 800 करोड़ रुपये बढ़ा।
समीक्षाधीन अवधि में ऋण में 11.9 प्रतिशत की वृद्धि के दम पर मुख्य शुद्ध ब्याज आय 6.4 प्रतिशत बढ़कर 32,600 करोड़ रुपये रही, जबकि गैर-ब्याज आय 13,250 करोड़ रुपये रही। इस दौरान अन्य आय 15 प्रतिशत से अधिक बढ़कर 13,254 करोड़ रुपये हो गई।
बैंक के मुख्य वित्तीय अधिकारी (सीएफओ) श्रीनिवासन वैद्यनाथन ने पत्रकारों को बताया कि तिमाही के दौरान बैंक का ऋण-जमा अनुपात बढ़ा है, लेकिन उन्होंने इस आंकड़े को तिमाही आधार पर न देखकर दीर्घकालिक परिप्रेक्ष्य में देखने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि समय के साथ यह प्रमुख अनुपात गिरकर 90 प्रतिशत से नीचे आ जाएगा। बैंक वित्त वर्ष 2025-26 में ऋण वृद्धि को प्रणाली के बराबर लाने और वित्त वर्ष 2026-27 में प्रणाली से आगे निकलने के अपने लक्ष्य को प्राप्त करने की राह पर है।